भिलाई इस्पात संयंत्र (बीएसपी) से करोड़ों रुपये के लौह स्क्रैप चोरी मामले में पुरानी भिलाई पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने इस संगठित चोरी गिरोह के पांचवें आरोपी रविंद्र साहू को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। रविंद्र साहू सांई एसोसिएट का क्रेन ऑपरेटर है और जांच में उसके खिलाफ महत्वपूर्ण साक्ष्य मिलने के बाद कार्रवाई की गई।
पुलिस के अनुसार 26 मई 2026 को अकलोरडीह खदानपारा स्थित ए.के. ट्रेडर्स परिसर में छापेमारी के दौरान फ्लू डस्ट के नाम पर बीएसपी का लोहा चोरी कर परिवहन किए जाने का बड़ा खुलासा हुआ था। मौके से करीब 250 टन लोहे की प्लेट और बीम कटिंग सहित कई वाहन जब्त किए गए थे। जब्त सामग्री और वाहनों की कुल कीमत करीब 3 करोड़ 22 लाख रुपये आंकी गई है।
मैग्नेटिक क्रेन से होती थी चोरी के स्क्रैप की लोडिंग
विवेचना के दौरान पुलिस को पता चला कि गिरफ्तार आरोपी रविंद्र साहू मुख्य आरोपी संजय सिंह के निर्देश पर मैग्नेटिक क्रेन की मदद से बीएसपी के लौह स्क्रैप को फ्लू डस्ट परिवहन करने वाले वाहनों में लोड करता था। पूछताछ में आरोपी ने यह बात स्वीकार भी की है। पुलिस का कहना है कि पिछले चार से पांच महीनों से संगठित तरीके से बीएसपी का लोहा चोरी कर फ्लू डस्ट की आड़ में बाहर भेजा जा रहा था। गिरोह में शामिल लोग स्क्रैप को छिपाने के लिए फ्लू डस्ट का इस्तेमाल करते थे ताकि जांच एजेंसियों की नजर से बचा जा सके।
पहले चार आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार
इस मामले में पुलिस पहले ही चिंतानंद साहू, गीतेश वर्मा, मीथेन ठाकुर और निर्मल सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। रविंद्र साहू की गिरफ्तारी के बाद अब तक कुल पांच आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। पुलिस के मुताबिक पूरे मामले का मुख्य षड्यंत्रकर्ता संजय सिंह अभी फरार है। उसके अलावा अन्य संदिग्ध आरोपियों की भी सरगर्मी से तलाश की जा रही है। मामले की जांच अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में गठित विशेष टीम कर रही है।