दुर्ग। जोरा तराई, वार्ड क्रमांक-37 में स्थित अंबेडकर आवासों को तोड़े जाने के प्रस्ताव के खिलाफ स्थानीय रहवासियों ने जिला प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की है। रहवासियों का कहना है कि नगर पालिक निगम रिसाली द्वारा आवासों को तोड़ने का नोटिस दिया गया है, जबकि यह आवास वर्ष 2000 में गरीब परिवारों के लिए बनाए गए थे और वर्षों से लोग वहीं निवासरत हैं।

रहवासियों ने बताया कि निगम द्वारा अस्पताल निर्माण के नाम पर इन आवासों को तोड़ने की तैयारी की जा रही है। जबकि वैकल्पिक स्थान पर अस्पताल का निर्माण किया जा सकता है। इसके साथ ही यह भी मांग की गई है कि पहले प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) अंतर्गत गरीब परिवारों के लिए वहीं नए आवास बनाकर दिए जाएं, उसके बाद ही किसी तरह की तोड़फोड़ की कार्रवाई की जाए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि नोटिस मिलने के बाद से प्रभावित परिवारों की मानसिक और आर्थिक स्थिति खराब हो गई है। कई परिवारों पर बेघर होने का खतरा मंडरा रहा है। रहवासियों ने प्रशासन से मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए तत्काल राहत देने और बेघर होने से बचाने की अपील की है।
रहवासियों ने कलेक्टर दुर्ग को ज्ञापन सौंपकर मांग की है कि अंबेडकर आवास को तोड़ने की कार्रवाई पर रोक लगाई जाए तथा पहले गरीब परिवारों के पुनर्वास की ठोस व्यवस्था की जाए।
