पाटन विधानसभा चुनाव से जुड़े बहुचर्चित चुनाव याचिका मामले में पूर्व मुख्यमंत्री एवं पाटन विधायक Bhupesh Baghel को हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने चुनाव याचिका को प्रारंभिक स्तर पर खारिज करने की उनकी अर्जी नामंजूर कर दी है। अब इस मामले में 23 जून से नियमित सुनवाई शुरू होगी।

यह चुनाव याचिका 2023 के विधानसभा चुनाव में पाटन सीट से भाजपा प्रत्याशी रहे Vijay Baghel द्वारा दायर की गई है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि मतदान समाप्ति से 48 घंटे पहले लागू साइलेंस पीरियड के दौरान भूपेश बघेल ने रोड शो और सार्वजनिक गतिविधियां आयोजित कर चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन किया था।

मामले की सुनवाई के दौरान भूपेश बघेल की ओर से याचिका की विचारणीयता पर सवाल उठाते हुए इसे बिना ट्रायल के खारिज करने की मांग की गई थी। उनका तर्क था कि आरोपों के समर्थन में पर्याप्त प्रत्यक्ष साक्ष्य नहीं हैं और प्रस्तुत इलेक्ट्रॉनिक सामग्री के साथ आवश्यक 65-बी प्रमाणपत्र भी संलग्न नहीं किया गया है। हालांकि, जस्टिस Ravindra Kumar Agrawal की एकलपीठ ने इन दलीलों को स्वीकार नहीं किया। अदालत ने माना कि चुनाव याचिका में सुनवाई योग्य पर्याप्त आधार मौजूद हैं और मामले को आगे बढ़ाया जाना चाहिए। इसके साथ ही याचिका खारिज करने की मांग ठुकरा दी गई।

पाटन की राजनीति में बढ़ेगा तापमान
हाईकोर्ट के इस फैसले के बाद पाटन की राजनीति में नई हलचल शुरू होने की संभावना है। पाटन विधानसभा सीट प्रदेश की सबसे चर्चित राजनीतिक सीटों में रही है, जहां भूपेश बघेल और विजय बघेल के बीच मुकाबला हमेशा राजनीतिक चर्चा का केंद्र रहा है। अब 23 जून से शुरू होने वाली नियमित सुनवाई में अदालत आरोपों और प्रस्तुत साक्ष्यों की मेरिट पर विचार करेगी। इस कारण यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं बल्कि राजनीतिक रूप से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। कांग्रेस और भाजपा दोनों की नजरें अब आगामी सुनवाई पर टिकी हुई हैं।
