स्वतंत्र जांच, दोषियों पर कार्रवाई और स्वास्थ्य सेवाओं के विशेष ऑडिट की मांग
दुर्ग। जिला अस्पताल दुर्ग में स्वास्थ्य सेवाओं की कथित लापरवाही और अव्यवस्थाओं को लेकर कांग्रेस ने जिला प्रशासन के सामने गंभीर सवाल खड़े किए हैं। शहर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष धीरज बाकलीवाल ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर अस्पताल में हुई घटनाओं की निष्पक्ष जांच तथा जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों पर कठोर कार्रवाई की मांग की है।

सिकल सेल मरीज को निशुल्क मिलना था ब्लड
ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि गंभीर सिकल सेल एनीमिया से पीड़ित 22 वर्षीय युवती को समय पर रक्त उपलब्ध नहीं होने के कारण अपनी जान गंवानी पड़ी। कांग्रेस का आरोप है कि युवती को निःशुल्क रक्त मिलना चाहिए था, लेकिन लगभग 48 घंटे तक रक्त उपलब्ध नहीं हो सका, जिससे उसकी मृत्यु हो गई। पार्टी ने इसे स्वास्थ्य व्यवस्था की बड़ी विफलता बताते हुए जिला प्रशासन स्तर पर स्वतंत्र एवं निष्पक्ष जांच समिति गठित करने की मांग की है।

83 यूनिट रक्तदान तीन दिन पहले ही आया था
छत्तीसगढ़ कांग्रेस के सेक्रेटरी अयुब खान ने बताया कि 31 मई को एक शिविर के माध्यम से ब्लड डोनेशन कैंप लगाया गया था। शिविर में सैकड़ो की संख्या में लोग पहुंच कर रक्तदान किए थे। जहां पर जिला अस्पताल की पूरी टीम मौजूद था। रक्तदान शिविर के बाद बताया गया कि इस शिविर के माध्यम से टोटल 83 यूनिट रक्त का संग्रहण किया गया है। जब इतनी मात्रा में ब्लड बैंक में ब्लड था तो उस दिन जरूरतमंद को क्यों नहीं मिला, क्या जिला अस्पताल के डॉक्टर और नर्स ब्लड बेचने का काम करते हैं।

चार दिन पहले ही कांग्रेस ने शव बाहर में रखने की थी शिकायत
कांग्रेस ने यह भी कहा है कि यह कोई पहली घटना नहीं है। इससे पूर्व नसबंदी शिविर के दौरान हुई महिलाओं की मौत के मामलों में भी अब तक दोषियों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है। इसके अलावा जिला अस्पताल की मॉर्च्यूरी में शव संरक्षण के लिए उपयोग होने वाला डीप फ्रीजर पिछले पांच महीनों से खराब होने का मुद्दा भी ज्ञापन में प्रमुखता से उठाया गया है।

कांग्रेस ने रक्त उपलब्धता व्यवस्था की समीक्षा, जिला अस्पताल की समस्त स्वास्थ्य सेवाओं का विशेष ऑडिट कराने, दोषियों पर दंडात्मक कार्रवाई करने तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए जवाबदेह व्यवस्था लागू करने की मांग की है। पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो जनहित में व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा।
