शहर के राशन कार्ड धारियों को समय पर खाद्यान्न और शक्कर न मिलने को लेकर सोमवार को सियासी पारा चढ़ गया। शहर कांग्रेस अध्यक्ष धीरज बाकलीवाल के नेतृत्व में कांग्रेसियों ने कलेक्टोरेट स्थित जिला खाद्य कार्यालय का घेराव कर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कांग्रेस का आरोप है कि अप्रैल माह खत्म होने को है, लेकिन दुर्ग नगर निगम क्षेत्र की कई दुकानों में अब तक शक्कर नहीं पहुंची है और चावल का वितरण भी अधूरा है।
खाली हाथ लौट रहे बुजुर्ग और महिलाएं
ज्ञापन सौंपते हुए धीरज बाकलीवाल ने प्रशासन को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि भयंकर गर्मी और लू के थपेड़ों के बीच बुजुर्ग और महिलाएं राशन दुकानों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। बीपीएल परिवारों के हक का राशन न मिलना प्रशासन की घोर लापरवाही है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि गरीबों के निवाले पर संकट दूर नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में उग्र जनआंदोलन किया जाएगा।
गैस एजेंसियों की मनमानी और 4 दिन का अल्टीमेटम
प्रदर्शन के दौरान केवल राशन ही नहीं, बल्कि रसोई गैस की किल्लत और एजेंसियों की मनमानी का मुद्दा भी गूंजा। कांग्रेस ने गैस एजेंसियों की नियमित मॉनिटरिंग की मांग की है। तीखे विरोध को देखते हुए खाद्य अधिकारी अनुराग भदौरिया ने स्वीकार किया कि आपूर्ति में तकनीकी दिक्कतें आई हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि अगले 3 से 4 दिनों के भीतर सभी वार्डों में शत-प्रतिशत राशन और शक्कर का वितरण सुनिश्चित कर दिया जाएगा।