भिलाई इस्पात संयंत्र (बीएसपी) से करोड़ों रुपये के स्क्रैप चोरी मामले में दुर्ग पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। मामले में फरार चल रहे दो प्रमुख आरोपियों संजय सिंह और अभय सिंह की गिरफ्तारी के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दुर्ग ने 10-10 हजार रुपये के इनाम की घोषणा की है। पुलिस का कहना है कि दोनों आरोपियों की तलाश लगातार जारी है और उनकी सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।

गौरतलब है कि 26 मई 2026 को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने भिलाई के हथखोज औद्योगिक क्षेत्र स्थित ए.के. ट्रेडर्स में छापा मारकर बीएसपी स्क्रैप चोरी के बड़े नेटवर्क का खुलासा किया था। जांच में सामने आया था कि फ्लू डस्ट परिवहन की आड़ में बीएसपी से चोरी किया गया लोहे का स्क्रैप बाहर निकाला जा रहा था। पुलिस को मौके से करीब 250 टन लोहे की प्लेट, बीम कटिंग और अन्य स्क्रैप सामग्री बरामद हुई थी, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 90 लाख रुपये बताई गई। इसके अलावा स्क्रैप के परिवहन और लोडिंग में इस्तेमाल किए जा रहे हाईवा, ट्रक और मशीनरी भी जब्त की गई थी। कुल मिलाकर लगभग 3.22 करोड़ रुपये मूल्य की संपत्ति पुलिस ने अपने कब्जे में ली थी।

अब तक 8 आरोपी गिरफ्तार
इस हाई-प्रोफाइल मामले में अब तक आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा जा चुका है। विवेचना के दौरान संजय सिंह और अभय सिंह की भूमिका भी सामने आई, जिसके बाद दोनों फरार हो गए। पुलिस का मानना है कि स्क्रैप चोरी और उसके अवैध परिवहन के नेटवर्क में दोनों की अहम भूमिका रही है।
स्क्रैप चोरी के बाद कोयला कांड भी चर्चा में
बीएसपी से जुड़े चोरी के मामलों में यह कार्रवाई ऐसे समय हुई है, जब हाल ही में खुर्सीपार क्षेत्र में संदिग्ध कोक और कोयला भंडारण का मामला भी सामने आया है। लगातार सामने आ रहे मामलों ने बीएसपी की सुरक्षा व्यवस्था और औद्योगिक सामग्री की निगरानी को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।