छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के तहत बनी ग्रामीण सड़कों की निगरानी अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से होगी। राज्य सरकार ने सड़क रखरखाव को अधिक पारदर्शी, वैज्ञानिक और प्रभावी बनाने के लिए एआई आधारित निरीक्षण प्रणाली लागू करने का निर्णय लिया है। उप मुख्यमंत्री एवं पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री विजय शर्मा ने अधिकारियों को इस व्यवस्था को जल्द लागू करने के निर्देश दिए हैं।

हर महीने होगा वीडियो आधारित निरीक्षण
नई व्यवस्था के तहत प्रदेश की प्रत्येक पीएमजीएसवाई सड़क का हर महीने वीडियो रिकॉर्डिंग के माध्यम से निरीक्षण किया जाएगा। इसके लिए एआई आधारित विशेष मोबाइल ऐप और डैशबोर्ड तैयार किया गया है। यह तकनीक सड़क पर मौजूद गड्ढों (पॉटहोल), दरारों और अन्य क्षतियों की स्वतः पहचान कर उनकी वास्तविक स्थिति का विश्लेषण करेगी।
डेटा के आधार पर तय होगी मरम्मत की प्राथमिकता
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि एआई से प्राप्त आंकड़ों के आधार पर सबसे अधिक क्षतिग्रस्त सड़कों को प्राथमिकता देते हुए उनके संधारण और मरम्मत की कार्ययोजना तैयार की जाएगी। इससे बजट का बेहतर उपयोग होगा और ग्रामीण क्षेत्रों में सुरक्षित एवं सुगम आवागमन सुनिश्चित किया जा सकेगा।


शुरू होगा पायलट प्रोजेक्ट
नई व्यवस्था को लागू करने से पहले प्रत्येक जिले में एक-एक सड़क का चयन कर 11 जुलाई से पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया जाएगा। शुरुआती परिणामों के विश्लेषण के बाद इसे पूरे प्रदेश में चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा।
वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
इस संबंध में आयोजित समीक्षा बैठक में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की अपर मुख्य सचिव ऋचा शर्मा, सचिव भीम सिंह, सचिव धर्मेश साहू, प्रधानमंत्री आवास योजना के संचालक तारण प्रकाश सिन्हा, एनआरएलएम के संचालक अश्वनी देवांगन सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

