दुर्ग जिले में गौवंशीय पशुओं की अवैध तस्करी के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। धमधा पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए महाराष्ट्र पासिंग के एक पिकअप वाहन से पांच गौवंशीय पशुओं को मुक्त कराया और आरोपी चालक को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने करीब 10.30 लाख रुपए की संपत्ति जब्त की है।

पुलिस के अनुसार 14 जून की शाम सूचना मिली थी कि एक सफेद रंग की महिंद्रा बोलेरो मैक्स पिकअप (एमएच-35 एजे-3531) में अवैध रूप से गौवंशीय पशुओं को भरकर बेरला क्षेत्र से धमधा होते हुए महाराष्ट्र के गोंदिया स्थित कत्लखाने ले जाया जा रहा है। सूचना के बाद राहटादाह चौक स्थित उन्नति आईटीआई के सामने मुख्य मार्ग पर घेराबंदी की गई।

शाम करीब सात बजे संदिग्ध वाहन को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन चालक ने वाहन भगाने की कोशिश की। पुलिस टीम ने पीछा कर वाहन को रोक लिया। जांच में पिकअप के पीछे तिरपाल से ढंककर तीन पड़िया और दो पड़वा को बेहद संकुचित एवं क्रूर परिस्थितियों में भरा हुआ पाया गया। पूछताछ में चालक ने अपनी पहचान दुर्गेश घोरमारे (21 वर्ष), निवासी चिचटोला, जिला बालाघाट (मध्यप्रदेश) के रूप में बताई। आरोपी ने स्वीकार किया कि वह मवेशियों को बेरला क्षेत्र से लेकर गोंदिया के कत्लखाने ले जा रहा था। पुलिस द्वारा परिवहन से संबंधित वैध दस्तावेज मांगे जाने पर वह कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका।

10.30 लाख की जब्ती
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने महिंद्रा बोलेरो मैक्स पिकअप वाहन (कीमत लगभग 10 लाख रुपए) 5 गौवंशीय पशु (कीमत लगभग 30 हजार रुपए) जब्त किए। कुल जब्ती मूल्य 10 लाख 30 हजार रुपए बताया गया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ कृषि पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6 और 10 तथा पशु क्रूरता निवारण अधिनियम की धारा 11 के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया।

सीमा क्षेत्रों से बढ़ रही निगरानी
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दुर्ग, बेमेतरा और बालाघाट-गोंदिया मार्गों पर पशु तस्करी की शिकायतों को देखते हुए निगरानी बढ़ाई गई है। हाल के महीनों में अवैध पशु परिवहन के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस ने आम नागरिकों से भी पशु तस्करी और पशु क्रूरता से जुड़ी गतिविधियों की सूचना तत्काल देने की अपील की है। धमधा पुलिस की इस कार्रवाई में उप निरीक्षक अश्वनी सिंह सहित थाना स्टाफ की सक्रिय भूमिका रही। पुलिस का कहना है कि अवैध पशु परिवहन और तस्करी के मामलों में आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
