भिलाई / पुणे। भिलाई के लब्ध प्रतिष्ठित कवि एवं साहित्यकार ठाकुर दशरथ सिंह भुवाल की ऐतिहासिक पद्य कृति “गाथा महाराणा प्रताप की” को राष्ट्रीय स्तर पर सराहना मिली है। महाराष्ट्र के प्रतिष्ठित संगठन खान्देश राजपूत सेवा मंडल, पिंपरी-चिंचवड, पुणे-शहर ने इस कृति के लिए कवि को आदरपूर्वक प्रशंसा एवं धन्यवाद पत्र प्रेषित किया है।



मंडल के अध्यक्ष एवं पदाधिकारियों द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि यह संगठन के लिए अत्यंत हर्ष, गौरव और सौभाग्य का विषय है कि भुवाल जी ने अपनी उत्कृष्ट ऐतिहासिक एवं काव्यमयी कृति भेंट की है। यह वंदनीय रचना राष्ट्र गौरव, वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप के शौर्य, स्वाभिमान, अटूट संघर्ष और सनातन संस्कृति के मान-रक्षण की गाथा को जीवंत रूप में प्रस्तुत करती है।

पत्र में उल्लेख किया गया है कि छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी में अनुभाग अधिकारी के पद से सेवानिवृत्त होने के बाद भुवाल जी ने अपनी लेखनी को मातृभूमि के गौरवशाली इतिहास के संवर्धन में समर्पित किया है, जो अत्यंत अनुकरणीय है। उन्हें प्राप्त गरिमामयी अलंकरण ‘साहित्य शिरोमणि’, ‘वसुंधरा’, ‘माँ शारदे’ एवं ‘शेखावाटी सम्मान’ उनकी साहित्यिक विद्वता का प्रत्यक्ष प्रमाण है।


मंडल ने कहा कि यह कृति समाज और भावी पीढ़ी के लिए प्रेरणापुंज एवं अमूल्य धरोहर सिद्ध होगी। मंडल परिवार ने कवि के उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु और निरंतर यशस्वी साहित्यिक यात्रा की मंगल कामना की है।


