दुर्ग, 26 सितंबर 2026। कुम्हारी थाना क्षेत्र के ग्राम परसदा में बाढ़ का पानी बस्तियों में घुसने के बाद देर रात जिंदगी और मौत के बीच फंसे ग्रामीणों के लिए दुर्ग एसडीआरएफ और नगर सेना की टीम देवदूत बनकर पहुंची। तेज बहाव, घना अंधेरा और जलमग्न रास्तों के बीच जवानों ने करीब 5 घंटे तक सघन नाइट रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों सहित 50 से 55 ग्रामीणों को सुरक्षित बाहर निकाला। राहत अभियान के दौरान किसी भी प्रकार की जनहानि या पशुहानि नहीं हुई।



रात 11:15 बजे मिली सूचना, आधी रात को शुरू हुआ ऑपरेशन

25 सितंबर की रात करीब 11:15 बजे आपातकालीन नियंत्रण कक्ष को सूचना मिली कि ग्राम परसदा में अचानक बाढ़ का पानी बस्तियों में प्रवेश कर गया है। तेज बहाव के कारण कई परिवार पानी के बीच फंस गए थे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिला सेनानी के निर्देश पर एसडीआरएफ रेस्क्यू टीम को तत्काल रवाना किया गया।


टीम अपने साथ मोटर बोट (OBM), लाइफ जैकेट, लाइफ रिंग, रेस्क्यू रोप और शक्तिशाली ड्रैगन/सर्च लाइट लेकर मौके पर पहुंची।
घने अंधेरे में बोट से एक-एक कर निकाले ग्रामीण
रेस्क्यू टीम ने 26 सितंबर की रात 12 बजे अभियान शुरू किया। घने अंधेरे और पानी के तेज बहाव के बावजूद जवानों ने सर्च लाइट की मदद से जलमग्न घरों और बस्तियों तक मोटर बोट पहुंचाई। इसके बाद फंसे ग्रामीणों को एक-एक कर सुरक्षित स्थानों और मुख्य मार्ग तक पहुंचाया गया।
यह अभियान लगातार सुबह 5 बजे तक, यानी करीब पांच घंटे चला। इस दौरान लगभग 50 से 55 लोगों को सुरक्षित रेस्क्यू किया गया।

जवानों की तत्परता से टली बड़ी अनहोनी
बाढ़ की चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में एसडीआरएफ और नगर सेना के जवानों ने संयम और तत्परता के साथ रेस्क्यू ऑपरेशन को अंजाम दिया। विशेष रूप से रात के समय तेज बहाव और सीमित दृश्यता के बावजूद टीम ने प्रभावित परिवारों तक पहुंचकर उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला।
थाना अमलेश्वर क्षेत्रांतर्गत ग्राम खुर्मुड़ा में बाढ़ का पानी अचानक भर जाने से बस्तियों में 10 नागरिक चारों तरफ से घिर गए थे। सूचना प्राप्त होते ही जिला सेनानी एवं जिला अग्निशमन अधिकारी, नगर सेना दुर्ग के कुशल निर्देशन में एसडीआरएफ रेस्क्यू टीम आवश्यक जीवनरक्षक उपकरणों के साथ तत्काल मौके पर पहुंची।
गर्भवती महिला, कैंसर पीड़ित बुजुर्ग महिला, बच्चों समेत सभी 10 नागरिकों बाहर निकाल लिया
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए—जिसमें एक गर्भवती महिला और एक गंभीर रूप से बीमार (कैंसर पीड़ित) बुजुर्ग महिला शामिल थीं—टीम ने विशेष सतर्कता और सावधानी के साथ रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। एसडीआरएफ के जवानों ने पानी के तेज बहाव के बीच मोटर बोट के माध्यम से गर्भवती महिला, कैंसर पीड़ित बुजुर्ग महिला, बच्चों समेत सभी 10 नागरिकों को अत्यंत कुशलतापूर्वक व सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

रेस्क्यू के तुरंत पश्चात प्रभावितों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाकर आवश्यकतानुसार प्राथमिक देखभाल व राहत उपलब्ध कराई गई। प्रशासन एवं एसडीआरएफ की त्वरित सक्रियता से एक बड़ा संकट टल गया।
रात्रि 02:00 बजे कंट्रोल रूम को सूचना मिली कि थाना अमलेश्वर क्षेत्रांतर्गत महादेव वाटिका के पीछे मटिया खार में बाढ़ का पानी अचानक भरने से 15 लोग फंस गए हैं।
रात्रि 11:15 बजे कुम्हारी थाना अंतर्गत ग्राम परसदा (जगदीश बाड़ी) में जलभराव के बीच परिवारों के घिरने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही जिला सेनानी के निर्देश पर एसडीआरएफ दुर्ग की टीम आवश्यक जीवनरक्षक उपकरणों के साथ मौके पर पहुंची।
टीम द्वारा आज प्रातः 05:30 बजे से मोर्चा संभालते हुए लगातार 2 घंटे सघन रेस्क्यू अभियान चलाया गया। मोटर बोट के माध्यम से जलमग्न मकानों से बुजुर्गों, महिलाओं व बच्चों सहित कुल 60 ग्रामीणों को सुबह 07:30 बजे तक पूर्णतः सकुशल बाहर निकाल लिया गया। प्रशासन व एसडीआरएफ की त्वरित कार्रवाई से सभी को सुरक्षित राहत स्थल पर पहुंचाया गया है। स्थिति पूरी तरह सामान्य व नियंत्रण में है।

